[ad_1]

Rajeev Chandrasekhar: केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्री राजीव चंद्रशेखर (Rajeev Chandrasekhar) ने कहा कि पेटीएम पेमेंट्स बैंक (Paytm Funds Financial institution) का मामला कुछ ऐसा है कि एक आक्रामक कारोबारी तेजी से आगे बढ़ने के दौरान रेगुलेटरी नियमों का पालन करना भूल गया. चंद्रशेखर ने कहा कि पेमेंट्स बैंक के खिलाफ हुई आरबीआई की कार्रवाई (RBI Motion) को फिनटेक के खिलाफ एक्शन नहीं बताना चाहिए. हालांकि, इस एक्शन की वजह से फिनटेक कंपनियां कानूनों के पालन का महत्व समझ गई हैं.  

रेगुलेटरी नियमों का पालन विकल्प के तौर पर नहीं हो सकता 

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि कंपनियां रेगुलेटरी नियमों का पालन विकल्प के तौर पर नहीं कर सकतीं. हर कंपनी मालिक को इस पर पूरा ध्यान देना होगा. पेटीएम पेमेंट्स बैंक ने नियमों का पालन नहीं किया इसलिए उन पर कार्रवाई हुई. इसे किसी और रूप में देखना सही नहीं है. अगर आप कंपनी चला रहे हैं तो सारे नियमों का ध्यान रखना होगा. कंपनी चाहे इंडिया की हो या विदेश की, छोटी हो या बड़ी उसे भारत के कानूनों का पूरा पालन करना होगा. आरबीआई ने फिनटेक कंपनियों को परेशान करने के लिए यह कार्रवाई नहीं की है. यह सिर्फ एक कंपनी के खिलाफ कार्रवाई है. इसका फिनटेक इंडस्ट्री पर कोई बुरा असर नहीं पड़ेगा. राजनेता, कारोबारी और टेक्नोक्रेट भी ऐसा नहीं सोच रहे हैं. 

चंद्रशेखर बोले – मैंने खुद एक स्टार्टअप चलाया था 

राजीव चंद्रशेखर ने कहा कि युवा कारोबारी कई बार अपना बिजनेस बड़ा करने में इतना तल्लीन हो जाते हैं कि नियामकीय कानूनों पर उनका ध्यान नहीं जाता. उन्होंने कहा कि वह खुद एक स्टार्टअप शुरू कर चुके हैं. वह एक कारोबारी के तौर पर काम कर चुके हैं. इसलिए मैं समझ सकता हूं कि एक कारोबारी अपने बनाए हुए प्रोडक्ट में खो जाता है. सभी को ध्यान रखना होगा कि मार्केट रेगुलेटर यह देखकर कार्रवाई नहीं करता कि आप सोशल मीडिया कंपनी, फिनटेक कंपनी या फिर कोई और कंपनी हैं. 

15 मार्च के बाद डिपॉजिट लेने पर लगी रोक 

आरबीआई ने नियमों के उल्लंघन के चलते पेटीएम पेमेंट्स बैंक पर डिपॉजिट लेने की रोक लगा दी थी. बैंक 15 मार्च के बाद किसी भी तरह का डिपॉजिट, टॉप अप या रीचार्ज नहीं कर सकता. इसके बाद से ही पेटीएम की स्थिति खराब बनी हुई है. भारतपे के को फाउंडर अशनीर ग्रोवर ने हाल ही में आरोप लगाया था कि आरबीआई फिनटेक कंपनियों को आगे नहीं बढ़ने देना चाहता है. उनके लिए बैंक महत्वपूर्ण हैं. मगर, फिनटेक नहीं.

ये भी पढ़ें 

Semiconductor Crops: टाटा ग्रुप भी लगाएगा सेमीकंडक्टर प्लांट, अरबों डॉलर का होगा निवेश

[ad_2]

Supply hyperlink

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *